सर्बानंद सोनोवाल ने 2047 तक भारत की माल ढुलाई में तटीय और अंतर्देशीय जलमार्ग नौवहन की हिस्सेदारी को 6% से दोगुना कर 12% करने की योजना प्रस्तुत की
पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय ने 3 नवंबर 2026 को बताया कि केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने ओडिशा के पुरी में कंसल्टेटिव कमेटी (परामर्शदात्री समिति) की बैठक में कहा कि सरकार तटीय कार्गो प्रोत्साहन योजना और क्रूज भारत मिशन के माध्यम से 2047 तक भारत की माल ढुलाई में तटीय और अंतर्देशीय जलमार्ग नौवहन की हिस्सेदारी को 6% से दोगुना कर 12% करने और 2029 तक दस लाख समुद्री क्रूज यात्रियों को आकर्षित करने के लिए काम कर रही है; ये लक्ष्य हैं, उपलब्धियां नहीं। मंत्री ने यह भी घोषणा की कि पारादीप पोर्ट अथॉरिटी (पीपीए) ओडिशा सरकार की साझेदारी में पुरी इंटरनेशनल क्रूज़ टर्मिनल विकसित करेगी, जिसकी लागत लगभग 1,500 करोड़ रुपये होने की संभावना है। सोनोवाल ने बताया कि भारतीय बंदरगाहों पर तटीय कार्गो पिछले 12 वर्षों में 74 मिलियन मीट्रिक टन से बढ़कर 177 मिलियन मीट्रिक टन हो गया है, जो लगभग 140% की वृद्धि है; भारत की तटरेखा 11,000 किलोमीटर से अधिक लंबी है। 2026-27 के बजट में घोषित तटीय कार्गो प्रोत्साहन योजना कार्गो मालिकों, तटीय पोत ऑपरेटरों और मल्टीमॉडल परिवहन ऑपरेटरों को प्रोत्साहन देगी। सोनोवाल के अनुसार क्रूज क्षेत्र में 2025-26 के वित्तीय वर्ष में भारत में 462,661 महासागरीय क्रूज यात्री और 212 पोत कॉल दर्ज किए गए, जो 2013-14 के बाद से यात्री यातायात में 5.5 गुना और पोत कॉल में 2.1 गुना वृद्धि है; सितंबर 2024 में शुरू किए गए क्रूज भारत मिशन का लक्ष्य मार्च 2029 तक दस लाख समुद्री क्रूज यात्री और 400,000 नौकरियां है। सोनोवाल ने कहा कि 143 नदी क्रूज टर्मिनल और लैंडिंग पॉइंट चालू हैं, और दोनों पहलों से कुल मिलाकर 560,000 से अधिक नौकरियों के सृजन और 16 मिलियन मीट्रिक टन कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन की बचत होने की उम्मीद है। उन्होंने ओडिशा में राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या 5 के विकास पर भी प्रकाश डाला, जिसकी अनुमानित लागत 13,000 करोड़ रुपये से अधिक है और जिसका उद्देश्य तालचेर और कलिंगनगर सहित राज्य के औद्योगिक और खनन केंद्रों को पूर्वी तट के बंदरगाहों से जोड़ना है। बैठक में राज्य मंत्री शांतनु ठाकुर और संसद के आठ सदस्य उपस्थित रहे।
ऊपर दी गई PIB की आधिकारिक विज्ञप्ति से AI की सहायता से तैयार, और AI की दूसरी जाँच में उसी विज्ञप्ति से मिलाया गया। किसी व्यक्ति ने इसका पंक्ति-दर-पंक्ति संपादन नहीं किया है।
पढ़ाई के लिए संदर्भ
30 सितंबर 2024 को केंद्रीय पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने मुंबई बंदरगाह पर क्रूज शिप 'एम्प्रेस' पर सवार होकर 'क्रूज भारत मिशन' की शुरुआत की थी और कहा था कि इसका उद्देश्य पांच वर्षों के भीतर, यानी 2029 तक, क्रूज यात्रियों की संख्या को दोगुना करना है। मिशन को 1 अक्टूबर 2024 से 31 मार्च 2029 तक तीन चरणों में लागू किया जाना है: चरण 1 में अध्ययन, मास्टर प्लानिंग और पड़ोसी देशों के साथ क्रूज गठबंधन बनाने पर, चरण 2 में नए क्रूज टर्मिनलों, मरीना और गंतव्यों के विकास पर, और चरण 3 में भारतीय उपमहाद्वीप के सभी क्रूज सर्किटों को एकीकृत करने पर ध्यान दिया जाएगा। इसके प्रमुख प्रदर्शन लक्ष्यों में समुद्री क्रूज यात्रियों की संख्या चरण 1 के 0.5 मिलियन से बढ़ाकर चरण 3 तक 1 मिलियन करना और समुद्री क्रूज कॉल 125 से बढ़ाकर 500 करना, नदी क्रूज यात्रियों की संख्या 0.5 मिलियन से 1.5 मिलियन, अंतरराष्ट्रीय क्रूज टर्मिनल 2 से 10, नदी क्रूज टर्मिनल 50 से 100 और मरीना 1 से 5 करना शामिल है, और अंतिम चरण तक रोजगार सृजन 0.1 मिलियन से बढ़कर 0.4 मिलियन होना है। मिशन तीन क्रूज सेगमेंट - महासागर और हार्बर क्रूज, नदी और अंतर्देशीय क्रूज, तथा आइलैंड (द्वीप) क्रूज - को लक्षित करता है और पांच रणनीतिक स्तंभों के तहत पहलें तय करता है।
खुद जाँचें: 30 सितंबर 2024 को क्रूज भारत मिशन की शुरुआत किस क्रूज शिप पर सवार होकर और किस बंदरगाह पर की गई, और इसे किस अवधि में लागू किया जाना है?
क्रूज शिप 'एम्प्रेस' पर, मुंबई बंदरगाह पर; 1 अक्टूबर 2024 से 31 मार्च 2029 तक तीन चरणों में।
अभ्यास: इस रिलीज़ से माल ढुलाई में हिस्सेदारी का लक्ष्य, शुरुआती हिस्सेदारी और लक्ष्य वर्ष, समुद्री क्रूज यात्रियों का लक्ष्य, पुरी में विकसित होने वाला क्रूज टर्मिनल, उसे कौन विकसित करेगा और उसकी संभावित लागत, तटीय कार्गो में वृद्धि, 2026-27 के बजट में घोषित योजना, 2025-26 के क्रूज आंकड़े, अपेक्षित नौकरियां और उत्सर्जन में बचत, और राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या 5 लिखें; नोट से क्रूज भारत मिशन की शुरुआत की तारीख़, स्थान और चरण, और समुद्री क्रूज यात्रियों व रोजगार के उसके लक्ष्य। याद रखें कि माल ढुलाई में हिस्सेदारी का आंकड़ा लक्ष्य है, उपलब्धि नहीं।
खुद को परखें
केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल (पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय, 3 नवंबर 2026) के अनुसार सरकार 2047 तक भारत की माल ढुलाई में तटीय और अंतर्देशीय जलमार्ग नौवहन की हिस्सेदारी को दोगुना करके कितना करने के लिए काम कर रही है?
उत्तर देखें
उत्तर: 12%
सोनोवाल ने पुरी में कंसल्टेटिव कमेटी की बैठक में कहा कि सरकार तटीय कार्गो प्रोत्साहन योजना और क्रूज भारत मिशन के माध्यम से 2047 तक इस हिस्सेदारी को 6% से दोगुना कर 12% करने के लिए काम कर रही है; 6% शुरुआती हिस्सेदारी है, लक्ष्य नहीं, और 12% लक्ष्य है, उपलब्धि नहीं। दोनों पहलों से कुल मिलाकर 560,000 से अधिक नौकरियों के सृजन और 16 मिलियन मीट्रिक टन कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन की बचत होने की उम्मीद है।