सामान्य अध्ययन
सामान्य विज्ञान (भौतिकी, रसायन, जीव विज्ञान): उत्तर सहित अभ्यास प्रश्न
सामान्य विज्ञान (भौतिकी, रसायन, जीव विज्ञान) पर उत्तर सहित 477 अभ्यास प्रश्न; ज़्यादातर के साथ व्याख्या या पूरा हल भी है। उत्तर खोलने से पहले हर प्रश्न खुद हल करें।
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Q.101
आकाश नीला दिखाई देता है, क्योंकि
- A समुद्र द्वारा सूर्य के प्रकाश का परावर्तन होता है
- B वायुमंडल में सूर्य के प्रकाश का अपवर्तन होता है
- C वायु के अणुओं द्वारा सूर्य के प्रकाश का प्रकीर्णन होता है
- D जल की बूँदों द्वारा सूर्य के प्रकाश का वर्ण-विक्षेपण होता है
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) वायु के अणुओं द्वारा सूर्य के प्रकाश का प्रकीर्णन होता है
वायु के सूक्ष्म अणु छोटी तरंगदैर्ध्य (नीला) को लंबी (लाल) की तुलना में कहीं अधिक प्रकीर्णित करते हैं, इसलिए सभी दिशाओं से प्रकीर्णित नीला प्रकाश हमारी आँखों तक पहुँचता है। इसी प्रभाव से सूर्योदय और सूर्यास्त के समय सूर्य लाल दिखता है।
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Q.102
विशिष्ट ऊष्मा धारिता का SI मात्रक है
- A J kg^-1
- B J K^-1
- C W m^-1 K^-1
- D J kg^-1 K^-1
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) J kg^-1 K^-1
किसी पदार्थ के 1 kg का ताप 1 K बढ़ाने के लिए आवश्यक ऊष्मा उसकी विशिष्ट ऊष्मा धारिता है, इसलिए इसका मात्रक जूल प्रति किलोग्राम प्रति केल्विन (J kg^-1 K^-1) है। J K^-1 ऊष्मा धारिता का और J kg^-1 विशिष्ट गुप्त ऊष्मा का मात्रक है।
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Q.103
संवेग का SI मात्रक है
- A kg m/s²
- B kg m²/s
- C kg m/s
- D J/s
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) kg m/s
संवेग p = द्रव्यमान × वेग, इसलिए इसका मात्रक kg × m/s = kg m/s (अर्थात N s) है। kg m/s² न्यूटन है, जो बल का मात्रक है, और J/s वाट है।
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Q.104
आहार श्रृंखला घास → टिड्डा → मेंढक → साँप में घास पर छिड़का गया एक अजैव निम्नीकरणीय कीटनाशक सबसे अधिक सांद्रता में किसमें पाया जाएगा?
- A घास
- B टिड्डा
- C मेंढक
- D साँप
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) साँप
अजैव निम्नीकरणीय रसायन आसानी से विघटित या उत्सर्जित नहीं होते, इसलिए शरीर में जमा होते जाते हैं और प्रत्येक उच्च पोषी स्तर पर उनकी सांद्रता बढ़ती जाती है। इसे जैव आवर्धन कहते हैं, इसलिए श्रृंखला में सबसे ऊपर स्थित साँप में यह सबसे अधिक होगा।
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Q.105
20 m/s से चल रही 1500 kg द्रव्यमान की एक कार को ब्रेक लगाकर 10 s में रोका जाता है। औसत ब्रेक बल है
- A 300 N
- B 3000 N
- C 30,000 N
- D 750 N
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) 3000 N
संवेग में परिवर्तन = 1500 × (0 − 20) = −30,000 kg m/s। बल = संवेग में परिवर्तन ÷ समय = 30,000 ÷ 10 = 3000 N, जो गति की विपरीत दिशा में लगता है।
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Q.106
एक उपग्रह पृथ्वी के चारों ओर वृत्ताकार कक्षा में घूमता है। पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण बल द्वारा उपग्रह पर किया गया कार्य है
- A धनात्मक
- B ऋणात्मक
- C उसकी गतिज ऊर्जा के बराबर
- D शून्य
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) शून्य
गुरुत्वाकर्षण बल कक्षा के केंद्र की ओर लगता है, जो कक्षा के अनुदिश उपग्रह के विस्थापन के लंबवत है। बल हर बिंदु पर विस्थापन के लंबवत होने से किया गया कार्य शून्य होता है।
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Q.107
कॉपर सल्फ़ेट के नीले क्रिस्टल प्रबल रूप से गर्म करने पर अपना क्रिस्टलन जल खोकर सफ़ेद हो जाते हैं। कॉपर सल्फ़ेट क्रिस्टल की एक सूत्र इकाई में क्रिस्टलन जल के कितने अणु होते हैं?
- A 2
- B 5
- C 7
- D 10
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) 5
जलयोजित कॉपर सल्फ़ेट CuSO₄·5H₂O है। गर्म करने पर यह पाँचों जल-अणु खोकर सफ़ेद निर्जल CuSO₄ बन जाता है; इसमें पानी मिलाने पर नीला रंग फिर लौट आता है।
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Q.108
निम्नलिखित में से कौन-सा सामान्य नाम-रासायनिक नाम युग्म सही सुमेलित है?
- A मार्श गैस - एथेन
- B शुष्क बर्फ - ठोस सल्फर डाइऑक्साइड
- C सिरका - फॉर्मिक अम्ल
- D हँसाने वाली गैस - नाइट्रस ऑक्साइड
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) हँसाने वाली गैस - नाइट्रस ऑक्साइड
हँसाने वाली गैस नाइट्रस ऑक्साइड (N2O) है, जो निश्चेतक के रूप में प्रयुक्त होती है। मार्श गैस मीथेन, शुष्क बर्फ ठोस कार्बन डाइऑक्साइड और सिरका तनु ऐसीटिक अम्ल है; फॉर्मिक अम्ल चींटी के डंक में पाया जाता है।
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Q.109
औद्योगिक उपयोग वाले एथेनॉल का पीने के लिए दुरुपयोग रोकने हेतु उसमें कौन-सा विषैला पदार्थ मिलाकर उसे पीने के अयोग्य बना दिया जाता है?
- A ग्लूकोज़
- B एथेनॉइक अम्ल
- C मेथेनॉल
- D सोडियम क्लोराइड
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) मेथेनॉल
ऐसे एथेनॉल को विकृत ऐल्कोहॉल कहते हैं। मेथेनॉल विषैला है और इसकी थोड़ी मात्रा भी अंधापन या मृत्यु का कारण बन सकती है; आसानी से पहचान के लिए इसमें रंजक मिलाकर इसे नीला भी कर दिया जाता है।
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Q.110
आण्विक सूत्र C₄H₁₀ (ब्यूटेन) के कितने संरचनात्मक समावयव संभव हैं?
- A 1
- B 2
- C 3
- D 4
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) 2
आण्विक सूत्र C₄H₁₀ के दो संरचनात्मक समावयव हैं: सीधी शृंखला वाला n-ब्यूटेन और शाखित आइसोब्यूटेन (2-मेथिलप्रोपेन)। दोनों का सूत्र समान है, पर संरचनाएँ भिन्न हैं।
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Q.111
सामान्य मानव रक्त का pH लगभग होता है
- A 5.4
- B 6.4
- C 7.4
- D 8.4
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) 7.4
रक्त हल्का क्षारीय होता है, जिसका pH 7.35 से 7.45 है। आमाशय रस प्रबल अम्लीय (pH लगभग 1.5 से 2) है, और शुद्ध जल pH 7 पर उदासीन है।
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Q.112
कार्बन का कौन-सा अपररूप ज्ञात सबसे कठोर प्राकृतिक पदार्थ है?
- A ग्रेफ़ाइट
- B हीरा
- C फ़ुलरीन
- D चारकोल (काठकोयला)
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) हीरा
हीरे में कार्बन परमाणु प्रबल सहसंयोजी आबंधों द्वारा दृढ़ त्रिविमीय जाल में जुड़े रहते हैं, जिससे यह सबसे कठोर प्राकृतिक पदार्थ है। ग्रेफ़ाइट नरम और चिकना होता है, क्योंकि इसकी परतें एक-दूसरे पर फिसल सकती हैं।
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Q.113
क्वाशियोरकॉर, जिसमें बच्चे की वृद्धि रुक जाती है, चेहरे और शरीर पर सूजन आ जाती है और बालों का रंग बदल जाता है, किसकी कमी से होता है?
- A विटामिन A
- B प्रोटीन
- C आयोडीन
- D कैल्सियम
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) प्रोटीन
जब बच्चे के आहार में लंबे समय तक पर्याप्त प्रोटीन न हो, तो क्वाशियोरकॉर होता है। मरास्मस, जिसमें बच्चा अत्यंत दुबला और कमज़ोर हो जाता है, प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट दोनों की कमी से होता है।
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Q.114
समतल दर्पण द्वारा बना प्रतिबिंब होता है
- A आभासी, सीधा और वस्तु के बराबर आकार का
- B वास्तविक, उलटा और वस्तु के बराबर आकार का
- C आभासी, सीधा और छोटा
- D वास्तविक, सीधा और बड़ा
उत्तर देखें
सही उत्तर: (A) आभासी, सीधा और वस्तु के बराबर आकार का
समतल दर्पण आभासी, सीधा, पार्श्व परिवर्तित और वस्तु के बराबर आकार का प्रतिबिंब बनाता है, जो दर्पण के पीछे उतनी ही दूरी पर होता है जितनी दूरी पर वस्तु उसके सामने है।
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Q.115
आपात स्थिति ('लड़ो या भागो') से निपटने के लिए शरीर को तैयार करने वाला हॉर्मोन एड्रीनलीन किसके द्वारा स्रावित होता है?
- A अवटु (थायरॉइड) ग्रंथि
- B पीयूष ग्रंथि
- C अग्न्याशय
- D अधिवृक्क ग्रंथियाँ
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) अधिवृक्क ग्रंथियाँ
एड्रीनलीन वृक्कों के ऊपर स्थित अधिवृक्क ग्रंथियों से सीधे रक्त में स्रावित होता है। यह हृदय की धड़कन और श्वास की दर बढ़ाता है और पेशियों तक अधिक रक्त पहुँचाता है, जिससे शरीर आपात स्थिति के लिए तैयार हो जाता है।
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Q.116
'रसायनों का राजा' कहलाने वाला सल्फ्यूरिक अम्ल किस प्रक्रम से बनाया जाता है?
- A संपर्क प्रक्रम
- B ओस्टवाल्ड प्रक्रम
- C हैबर प्रक्रम
- D सॉल्वे प्रक्रम
उत्तर देखें
सही उत्तर: (A) संपर्क प्रक्रम
संपर्क प्रक्रम में वैनेडियम पेंटॉक्साइड उत्प्रेरक पर सल्फर डाइऑक्साइड को सल्फर ट्राइऑक्साइड में ऑक्सीकृत कर उसे अवशोषित करके H2SO4 बनाया जाता है। सॉल्वे प्रक्रम से धावन सोडा और ओस्टवाल्ड प्रक्रम से नाइट्रिक अम्ल बनता है।
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Q.117
कृमि कम्पोस्टिंग (वर्मीकम्पोस्टिंग) में रसोई और बगीचे के कचरे को किसकी सहायता से खाद में बदला जाता है?
- A दीमक
- B घरेलू मक्खियाँ
- C लाल केंचुए (रेड वर्म)
- D चींटियाँ
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) लाल केंचुए (रेड वर्म)
कृमि कम्पोस्टिंग में लाल केंचुए (रेड वर्म), जो एक प्रकार के केंचुए हैं, जैविक कचरे को खाकर उसे उपजाऊ खाद में बदल देते हैं। इसमें केवल जैव निम्नीकरणीय कचरा, जैसे सब्ज़ियों और फलों के छिलके, डाला जाता है, प्लास्टिक या काँच नहीं।
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Q.118
चिकनी अंतर्द्रव्यी जालिका (SER) मुख्य रूप से किसके निर्माण में सहायता करती है?
- A प्रोटीन
- B मंड (स्टार्च)
- C लिपिड (वसा)
- D न्यूक्लिक अम्ल
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) लिपिड (वसा)
SER वसा के अणुओं (लिपिड) का निर्माण करती है, जो कोशिका झिल्ली बनाने जैसे कार्यों में काम आते हैं; यकृत कोशिकाओं में यह विषों और औषधियों को निराविषीकृत करने में भी सहायक है। प्रोटीन खुरदरी अंतर्द्रव्यी जालिका (RER) से जुड़े राइबोसोम बनाते हैं।
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Q.119
विद्युत चुंबक का क्रोड नर्म लोहे का बनाया जाता है, क्योंकि नर्म लोहा
- A अपना चुंबकत्व स्थायी रूप से बनाए रखता है
- B एक अचुंबकीय पदार्थ है
- C विद्युत का कुचालक है
- D धारा प्रवाहित होने पर प्रबल चुंबक बन जाता है और धारा बंद होने पर अपना अधिकांश चुंबकत्व खो देता है
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) धारा प्रवाहित होने पर प्रबल चुंबक बन जाता है और धारा बंद होने पर अपना अधिकांश चुंबकत्व खो देता है
विद्युत चुंबक को केवल धारा प्रवाहित होने तक ही चुंबक रहना चाहिए; नर्म लोहा धारा से प्रबल रूप से चुंबकित होता है और धारा रुकने पर लगभग पूरा चुंबकत्व खो देता है। चुंबकत्व बनाए रखने वाला इस्पात स्थायी चुंबक बनाने में प्रयुक्त होता है।
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Q.120
मानव मादा में शुक्राणु द्वारा अंडाणु का निषेचन सामान्यतः कहाँ होता है?
- A गर्भाशय
- B अंडवाहिका (फैलोपियन नलिका)
- C अंडाशय
- D योनि
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) अंडवाहिका (फैलोपियन नलिका)
अंडाशय से निकला अंडाणु पतली अंडवाहिका (फैलोपियन नलिका) में पहुँचता है, जहाँ शुक्राणु से मिलकर उसका निषेचन होता है। निषेचित अंडाणु (युग्मनज) फिर गर्भाशय में आकर उसकी भित्ति में रोपित हो जाता है।
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Q.121
सांद्र सल्फ़्यूरिक अम्ल की कुछ बूँदों की उपस्थिति में एथेनॉइक अम्ल, एथेनॉल से अभिक्रिया करके मीठी गंध वाला पदार्थ बनाता है। यह अभिक्रिया कहलाती है
- A साबुनीकरण
- B एस्टरीकरण
- C किण्वन
- D हाइड्रोजनीकरण
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) एस्टरीकरण
अम्ल और ऐल्कोहॉल अभिक्रिया करके एस्टर (यहाँ एथिल एथेनोएट) और जल बनाते हैं: CH₃COOH + C₂H₅OH → CH₃COOC₂H₅ + H₂O। यह एस्टरीकरण है; एस्टरों का उपयोग इत्र बनाने और स्वादकारक के रूप में होता है।
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Q.122
मस्तिष्क का कौन-सा भाग रक्तदाब, लार आना और वमन (उल्टी) जैसी अनैच्छिक क्रियाओं को नियंत्रित करता है?
- A प्रमस्तिष्क
- B अनुमस्तिष्क
- C मेडुला
- D घ्राण पालि
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) मेडुला
पश्चमस्तिष्क में स्थित मेडुला (मेडुला ऑब्लांगेटा) रक्तदाब, लार आना और वमन जैसी अनैच्छिक क्रियाओं को नियंत्रित करता है। पश्चमस्तिष्क का ही भाग अनुमस्तिष्क शरीर की स्थिति और संतुलन बनाए रखता है, जबकि प्रमस्तिष्क अग्रमस्तिष्क का मुख्य सोचने वाला भाग है।
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Q.123
म्यूरिएटिक अम्ल किसका पुराना प्रचलित नाम है?
- A सल्फ़्यूरिक अम्ल
- B नाइट्रिक अम्ल
- C हाइड्रोक्लोरिक अम्ल
- D ऐसीटिक अम्ल
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) हाइड्रोक्लोरिक अम्ल
म्यूरिएटिक अम्ल हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl) का पारंपरिक नाम है, जो व्यापार में आज भी प्रचलित है। सल्फ़्यूरिक अम्ल को पारंपरिक रूप से 'ऑयल ऑफ़ विट्रियल' कहा जाता था।
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Q.124
जब भिन्न-भिन्न मान के प्रतिरोधक किसी बैटरी के साथ श्रेणीक्रम में जोड़े जाते हैं, तो कौन-सी राशि प्रत्येक प्रतिरोधक के लिए समान रहती है?
- A विभवांतर
- B विद्युत धारा
- C उत्पन्न ऊष्मा
- D व्ययित शक्ति
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) विद्युत धारा
श्रेणीक्रम परिपथ में धारा के लिए एक ही मार्ग होता है, इसलिए प्रत्येक प्रतिरोधक में समान धारा प्रवाहित होती है। विभवांतर प्रतिरोधों के अनुपात में बँटता है, और उत्पन्न ऊष्मा तथा शक्ति (I^2R) भी।
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Q.125
ट्रांसफॉर्मर किस सिद्धांत पर कार्य करता है?
- A स्थिरवैद्युत प्रेरण
- B विद्युत धारा का ऊष्मीय प्रभाव
- C विद्युत धारा का रासायनिक प्रभाव
- D विद्युत चुंबकीय (अन्योन्य) प्रेरण
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) विद्युत चुंबकीय (अन्योन्य) प्रेरण
प्राथमिक कुंडली में बदलती धारा अन्योन्य प्रेरण से द्वितीयक कुंडली में विद्युत वाहक बल उत्पन्न करती है। चूँकि दिष्ट धारा समय के साथ नहीं बदलती, ट्रांसफॉर्मर केवल AC पर काम करता है।
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Q.126
निम्नलिखित में से कौन-सी चिकित्सा तकनीक पराश्रव्य ध्वनि का उपयोग करती है?
- A इलेक्ट्रोकार्डियोग्राफी (ECG)
- B एक्स-किरण रेडियोग्राफी
- C सीटी स्कैन
- D इकोकार्डियोग्राफी
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) इकोकार्डियोग्राफी
इकोकार्डियोग्राफी में हृदय से परावर्तित पराश्रव्य तरंगों से उसका प्रतिबिंब बनाया जाता है। ECG हृदय की विद्युत गतिविधि दर्ज करता है, जबकि एक्स-किरण रेडियोग्राफी और सीटी स्कैन में एक्स-किरणों का उपयोग होता है।
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Q.127
3 m/s के वेग से गतिमान 2 kg द्रव्यमान वाली वस्तु की गतिज ऊर्जा है
- A 6 J
- B 9 J
- C 18 J
- D 3 J
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) 9 J
गतिज ऊर्जा = ½mv² = ½ × 2 × 3² = 9 J। ½ भूल जाने पर 18 J आता है, और 6 संवेग mv का मान (kg m/s में) है, गतिज ऊर्जा का नहीं।
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Q.128
निम्नलिखित में से किस विकिरण की भेदन क्षमता सबसे अधिक है?
- A अल्फा किरणें
- B बीटा किरणें
- C कैथोड किरणें
- D गामा किरणें
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) गामा किरणें
गामा किरणें बिना आवेश और द्रव्यमान वाली विद्युत चुंबकीय तरंगें हैं और कई सेंटीमीटर मोटे सीसे को पार कर सकती हैं। अल्फा कण कागज की शीट से और बीटा कण कुछ मिलीमीटर ऐलुमिनियम से रुक जाते हैं।
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Q.129
अभिक्रिया CuO + H₂ → Cu + H₂O (गर्म करने पर) में किस पदार्थ का ऑक्सीकरण होता है?
- A CuO
- B H₂
- C Cu
- D H₂O
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) H₂
हाइड्रोजन ऑक्सीजन ग्रहण करके जल बनाती है, इसलिए H₂ का ऑक्सीकरण होता है; कॉपर (II) ऑक्साइड ऑक्सीजन खोकर कॉपर में अपचयित होता है। ऑक्सीकरण और अपचयन साथ-साथ होने के कारण यह रेडॉक्स अभिक्रिया है।
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Q.130
अचार में परिरक्षक के रूप में प्रयुक्त सिरका, किस अम्ल का जल में 5-8% विलयन है?
- A मेथेनॉइक अम्ल
- B सिट्रिक अम्ल
- C लैक्टिक अम्ल
- D एथेनॉइक अम्ल
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) एथेनॉइक अम्ल
सिरका एथेनॉइक अम्ल (ऐसीटिक अम्ल, CH₃COOH) का जल में 5-8% विलयन है, जिसका उपयोग अचार में परिरक्षक के रूप में व्यापक रूप से होता है।
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Q.131
वायु में ध्वनि की चाल बढ़ती है
- A तापमान घटने पर
- B तापमान बढ़ने पर
- C आर्द्रता घटने पर
- D ध्वनि की आवृत्ति घटने पर
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) तापमान बढ़ने पर
किसी माध्यम का तापमान बढ़ने पर उसमें ध्वनि की चाल बढ़ती है; आर्द्र वायु में भी ध्वनि शुष्क वायु से थोड़ी तेज़ चलती है। किसी दिए गए माध्यम में ध्वनि की चाल उसकी आवृत्ति पर निर्भर नहीं करती।
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Q.132
ध्वनि की चाल 344 मी/से मानते हुए, स्पष्ट प्रतिध्वनि सुनने के लिए स्रोत और परावर्तक सतह के बीच न्यूनतम दूरी लगभग होनी चाहिए
- A 10 मीटर
- B 17 मीटर
- C 34 मीटर
- D 50 मीटर
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) 17 मीटर
कान पर ध्वनि का प्रभाव 0.1 सेकंड रहता है, इसलिए परावर्तित ध्वनि को कुल 344 x 0.1 = 34.4 मीटर (दीवार तक जाकर वापस) चलना चाहिए; अतः परावर्तक कम से कम लगभग 17 मीटर दूर होना चाहिए।
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Q.133
पृथ्वी की सतह से पलायन वेग लगभग है
- A 9.8 किमी/सेकंड
- B 7.9 किमी/सेकंड
- C 3.0 किमी/सेकंड
- D 11.2 किमी/सेकंड
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) 11.2 किमी/सेकंड
पृथ्वी पर पलायन वेग लगभग 11.2 किमी/सेकंड है। 7.9 किमी/सेकंड पृथ्वी के निकट उपग्रह का कक्षीय वेग है, और 9.8 मी/से^2 गुरुत्वीय त्वरण है।
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Q.134
थर्मस फ्लास्क की भीतरी दीवारों पर चाँदी की परत किस विधि से ऊष्मा हानि रोकने के लिए चढ़ाई जाती है?
- A चालन
- B संवहन
- C विकिरण
- D वाष्पन
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) विकिरण
चाँदी-लेपित सतहें विकिरित ऊष्मा को वापस परावर्तित कर देती हैं, जिससे विकिरण द्वारा हानि रुकती है। दोहरी दीवारों के बीच का निर्वात चालन और संवहन रोकता है, और कॉर्क का ढक्कन मुँह से हानि घटाता है।
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Q.135
यशदलेपन (गैल्वनीकरण) लोहे या इस्पात पर किसकी पतली परत चढ़ाने की प्रक्रिया है?
- A टिन
- B जस्ता
- C क्रोमियम
- D निकेल
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) जस्ता
जस्ता लोहे से अधिक क्रियाशील है और परत खरोंच जाने पर भी लोहे की रक्षा करता रहता है, इसलिए यशदलेपित चादरें जंग से बची रहती हैं। खाद्य डिब्बों के लिए टिन की परत चढ़ाई जाती है।
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Q.136
किन दो कोशिकांगों में उनका अपना DNA और राइबोसोम होते हैं?
- A गॉल्जी उपकरण और लयनकाय
- B अंतर्द्रव्यी जालिका और गॉल्जी उपकरण
- C माइटोकॉन्ड्रिया और लवक
- D रसधानी और लयनकाय
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) माइटोकॉन्ड्रिया और लवक
माइटोकॉन्ड्रिया और लवकों में उनका अपना DNA और राइबोसोम होते हैं, इसलिए वे अपने कुछ प्रोटीन स्वयं बना सकते हैं। गॉल्जी उपकरण, अंतर्द्रव्यी जालिका, रसधानी और लयनकाय में अपना DNA नहीं होता।
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Q.137
एक गेंद को 20 m/s की चाल से ऊर्ध्वाधर ऊपर की ओर फेंका जाता है। g = 10 m/s² लेकर और वायु प्रतिरोध की उपेक्षा करते हुए, गेंद द्वारा प्राप्त अधिकतम ऊँचाई है
- A 10 m
- B 20 m
- C 40 m
- D 200 m
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) 20 m
उच्चतम बिंदु पर v = 0। v² = u² − 2gh से: 0 = 20² − 2 × 10 × h, अतः h = 400/20 = 20 m।
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Q.138
रुधिर वर्ग B वाले व्यक्ति में होते हैं
- A लाल रुधिर कणिकाओं पर प्रतिजन A और प्लाज़्मा में एंटी-B प्रतिरक्षी
- B लाल रुधिर कणिकाओं पर प्रतिजन B और प्लाज़्मा में एंटी-A प्रतिरक्षी
- C लाल रुधिर कणिकाओं पर प्रतिजन B और प्लाज़्मा में एंटी-B प्रतिरक्षी
- D लाल रुधिर कणिकाओं पर प्रतिजन A और B दोनों तथा प्लाज़्मा में कोई प्रतिरक्षी नहीं
उत्तर देखें
सही उत्तर: (B) लाल रुधिर कणिकाओं पर प्रतिजन B और प्लाज़्मा में एंटी-A प्रतिरक्षी
ABO पद्धति में रुधिर वर्ग B वाले व्यक्ति की लाल रुधिर कणिकाओं की सतह पर प्रतिजन B और प्लाज़्मा में एंटी-A प्रतिरक्षी होते हैं। प्रतिजन B के साथ एंटी-B होने पर व्यक्ति का अपना रुधिर ही गुच्छे बना लेता; रुधिर वर्ग AB में दोनों प्रतिजन होते हैं और कोई प्रतिरक्षी नहीं।
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Q.139
जब कोई जहाज़ नदी से समुद्र में प्रवेश करता है, तो वह
- A थोड़ा ऊपर उठ जाता है
- B थोड़ा और अधिक डूब जाता है
- C ठीक उसी स्तर पर रहता है
- D पूरी तरह डूब जाता है
उत्तर देखें
सही उत्तर: (A) थोड़ा ऊपर उठ जाता है
समुद्री जल नदी के (मीठे) जल से अधिक सघन होता है, इसलिए अपने भार को संतुलित करने के लिए जहाज़ को समुद्री जल का कम आयतन विस्थापित करना पड़ता है। अतः वह थोड़ा ऊपर उठ जाता है।
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Q.140
पौधों के किस समूह को 'पादप जगत के उभयचर' कहा जाता है?
- A ब्रायोफ़ाइटा
- B थैलोफ़ाइटा
- C टेरिडोफ़ाइटा
- D जिम्नोस्पर्म (अनावृतबीजी)
उत्तर देखें
सही उत्तर: (A) ब्रायोफ़ाइटा
मॉस (फ्यूनेरिया) और मार्केंशिया जैसे ब्रायोफ़ाइट स्थल पर रहते हैं, पर निषेचन के लिए उन्हें पानी चाहिए, इसलिए इन्हें पादप जगत के उभयचर कहते हैं। थैलोफ़ाइटा (शैवाल) मुख्यतः जलीय होते हैं।
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Q.141
किसी गैस का द्रव अवस्था में आए बिना सीधे ठोस में बदलना कहलाता है
- A संघनन
- B हिमीकरण
- C संगलन
- D निक्षेपण
उत्तर देखें
सही उत्तर: (D) निक्षेपण
गैस का सीधे ठोस में बदलना निक्षेपण कहलाता है (यह ऊर्ध्वपातन का उल्टा है)। संघनन गैस से द्रव, हिमीकरण द्रव से ठोस और संगलन ठोस से द्रव में परिवर्तन है।
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Q.142
यकृत द्वारा बनाया गया पित्त पाचन में किस प्रकार सहायता करता है?
- A वसा का पायसीकरण करके उसे छोटी गोलिकाओं में बदलकर
- B प्रोटीन को अमीनो अम्लों में तोड़कर
- C मंड को शर्करा में बदलकर
- D अपचित भोजन से जल अवशोषित करके
उत्तर देखें
सही उत्तर: (A) वसा का पायसीकरण करके उसे छोटी गोलिकाओं में बदलकर
पित्त यकृत में बनता है और पित्ताशय में संचित रहता है। इसके पित्त लवण वसा की बड़ी गोलिकाओं को छोटी गोलिकाओं में तोड़ देते हैं (पायसीकरण), जिससे लाइपेज़ प्रभावी ढंग से कार्य कर सके; पित्त आमाशय से आने वाले भोजन को क्षारीय भी बनाता है।
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Q.143
वेग-समय ग्राफ़ की ढाल से क्या प्राप्त होता है?
- A विस्थापन
- B चाल
- C त्वरण
- D दूरी
उत्तर देखें
सही उत्तर: (C) त्वरण
v-t ग्राफ़ की ढाल = वेग में परिवर्तन ÷ लिया गया समय, जो त्वरण है। चाल दूरी-समय ग्राफ़ की ढाल से प्राप्त होती है।
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Q.144
कौन-सी रुधिर वाहिका विऑक्सीजनित रुधिर को हृदय से फुफ्फुसों तक ले जाती है?
- A फुफ्फुस धमनी
- B फुफ्फुस शिरा
- C महाधमनी
- D महाशिरा
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सही उत्तर: (A) फुफ्फुस धमनी
दायाँ निलय विऑक्सीजनित रुधिर को फुफ्फुस धमनी में पंप करता है, जो उसे फुफ्फुसों तक ले जाती है; यह इस नियम का अपवाद है कि धमनियाँ ऑक्सीजनित रुधिर ले जाती हैं। फुफ्फुस शिराएँ फुफ्फुसों से ऑक्सीजनित रुधिर को वापस हृदय तक लाती हैं।
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Q.145
किसी एस्टर या वसा को सोडियम हाइड्रॉक्साइड के साथ गर्म करने पर ऐल्कोहॉल और कार्बोक्सिलिक अम्ल का सोडियम लवण बनता है। साबुन बनाने में प्रयुक्त इस अभिक्रिया को कहते हैं
- A साबुनीकरण
- B एस्टरीकरण
- C बहुलकीकरण
- D किण्वन
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सही उत्तर: (A) साबुनीकरण
एस्टर का क्षारीय जल-अपघटन साबुनीकरण कहलाता है: CH₃COOC₂H₅ + NaOH → C₂H₅OH + CH₃COONa। इसके विपरीत, एस्टरीकरण में अम्ल और ऐल्कोहॉल से एस्टर बनता है।
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Q.146
न्यूटन के गति के प्रथम नियम को किस नाम से भी जाना जाता है?
- A संवेग संरक्षण का नियम
- B क्रिया और प्रतिक्रिया का नियम
- C सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण का नियम
- D जड़त्व का नियम
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सही उत्तर: (D) जड़त्व का नियम
प्रथम नियम कहता है कि जब तक बाहरी बल न लगे, वस्तु विराम या एकसमान गति की अवस्था में बनी रहती है; यही प्रवृत्ति जड़त्व है, इसलिए इसे जड़त्व का नियम कहते हैं। क्रिया-प्रतिक्रिया तीसरा नियम है।
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Q.147
बसों और ऑटोरिक्शा में स्वच्छ ईंधन के रूप में प्रयुक्त संपीडित प्राकृतिक गैस (CNG) मुख्यतः किससे बनी होती है?
- A ब्यूटेन
- B प्रोपेन
- C हाइड्रोजन
- D मेथेन
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सही उत्तर: (D) मेथेन
प्राकृतिक गैस, और इसलिए CNG, मुख्यतः मेथेन (CH₄) है। ब्यूटेन और प्रोपेन LPG के मुख्य घटक हैं।
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Q.148
लोहे की कील को कुछ समय तक कॉपर सल्फ़ेट विलयन में रखने पर विलयन का नीला रंग फीका पड़ जाता है और कील पर भूरे रंग की परत जम जाती है। इससे पता चलता है कि
- A कॉपर, आयरन से अधिक अभिक्रियाशील है
- B आयरन और कॉपर समान रूप से अभिक्रियाशील हैं
- C आयरन, कॉपर से अधिक अभिक्रियाशील है
- D आयरन अन्य धातुओं के लवणों से अभिक्रिया नहीं करता
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सही उत्तर: (C) आयरन, कॉपर से अधिक अभिक्रियाशील है
Fe + CuSO₄ → FeSO₄ + Cu। अधिक अभिक्रियाशील होने के कारण आयरन, कॉपर को उसके लवण के विलयन से विस्थापित कर देता है; भूरी परत कॉपर की है और आयरन सल्फ़ेट बनने से विलयन हल्का हरा हो जाता है।
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Q.149
टीका हमें किसी रोग से मुख्यतः इसलिए बचाता है क्योंकि वह
- A शरीर में उपस्थित सभी रोगाणुओं को सीधे मार देता है
- B प्रतिरक्षा तंत्र को रोगाणु पहचानना सिखा देता है, जिससे बाद के संक्रमण में शरीर उससे शीघ्र लड़ लेता है
- C रोगाणु द्वारा नष्ट की गई रक्त कोशिकाओं की जगह ले लेता है
- D जीवाणुओं और विषाणुओं दोनों पर प्रतिजैविक की तरह काम करता है
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सही उत्तर: (B) प्रतिरक्षा तंत्र को रोगाणु पहचानना सिखा देता है, जिससे बाद के संक्रमण में शरीर उससे शीघ्र लड़ लेता है
टीके में रोगाणु का दुर्बल, मृत या आंशिक रूप होता है जो रोग पैदा नहीं कर सकता। प्रतिरक्षा तंत्र उसे पहचानना सीख लेता है और उसे याद रखता है, इसलिए असली रोगाणु के आने पर रोग पनपने से पहले ही उसे शीघ्र नष्ट कर देता है।
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Q.150
किसी ईंधन के 3 kg के पूर्ण दहन से 150,000 kJ ऊष्मा उत्पन्न होती है। ईंधन का ऊष्मीय मान क्या है?
- A 450,000 kJ/kg
- B 50,000 kJ/kg
- C 150,000 kJ/kg
- D 5,000 kJ/kg
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सही उत्तर: (B) 50,000 kJ/kg
किसी ईंधन के 1 kg के पूर्ण दहन से उत्पन्न ऊष्मा उसका ऊष्मीय मान कहलाती है। अतः ऊष्मीय मान = 150,000 kJ ÷ 3 kg = 50,000 kJ/kg।
ये प्रश्न कैसे बने
एक AI सहायक (Claude) ने स्थिर, सुस्थापित तथ्यों के अपने सामान्य ज्ञान से अंग्रेज़ी में लिखा और हिंदी में अनुवाद किया (कोई लाइव खोज नहीं) - किसी विषय-विशेषज्ञ या हिंदी मातृभाषी ने इसकी समीक्षा नहीं की है; किसी तथ्य पर भरोसा करने से पहले आधिकारिक स्रोत से मिला लें।