स्वास्थ्य मंत्रालय ने ड्रग्स रूल्स, 1945 के नियम 43ए में संशोधन का प्रस्ताव रखा: आईसीडी, एक एसईजैड और नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को अधिकृत आयात गेटवे बनाने का प्रस्ताव
केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने 3 नवंबर 2026 को बताया कि उसने देश में दवाओं, चिकित्सा उपकरणों और सौंदर्य प्रसाधनों के आयात के लिए अधिकृत प्रवेश स्थलों के नेटवर्क का विस्तार करने हेतु 'ड्रग्स रूल्स, 1945' के नियम 43ए में संशोधन का प्रस्ताव रखा है। नियम 43ए में उन अधिकृत बंदरगाहों, हवाई अड्डों, रेलवे स्टेशनों, सड़क मार्गों और अन्य प्रवेश द्वारों को निर्धारित किया गया है, जिनके माध्यम से भारत में दवाओं का आयात किया जा सकता है। प्रस्तावित नए स्थानों में हरियाणा में सोनीपत, पियाला और हरसारू, उत्तर प्रदेश में दादरी, गुजरात में गांधीधाम/मुंद्रा, हैदराबाद (तेलंगाना) में सनत नगर और थिम्मापुर तथा बेंगलुरु (कर्नाटक) में व्हाइटफील्ड के इनलैंड कंटेनर डिपो (आईसीडी); कर्नाटक में बोम्मासांद्रा का विशेष आर्थिक क्षेत्र (एसईजैड); और हवाई मार्ग से दवाओं के आयात के लिए उत्तर प्रदेश में नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा शामिल हैं। प्रस्ताव के अनुसार इन्हें आयात के लिए पहले से मौजूद अधिकृत नेटवर्क में जोड़ा जाएगा, जिसमें इंदौर (मध्य प्रदेश) के धननाद और तिही के आईसीडी तथा दवाओं के आयात के लिए पहले से अधिसूचित हवाई अड्डे शामिल हैं। मंत्रालय के अनुसार इस प्रस्ताव से आयातक अपने विनिर्माण केंद्रों, गोदामों और वितरण केंद्रों के करीब ही अपनी खेप की निकासी करा सकेंगे, जिससे देश के भीतर परिवहन की दूरी, लॉजिस्टिक्स लागत और देरी कम होगी और व्यापार करने में आसानी को बढ़ावा मिलेगा। प्रस्तावित संशोधन वाली ड्राफ्ट अधिसूचना आधिकारिक गजट में उपलब्ध है, और इस पर आपत्तियां और सुझाव स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अवर सचिव (दवा नियमन), कर्तव्य भवन-1, नई दिल्ली को या ईमेल से भेजे जा सकते हैं।
ऊपर दी गई PIB की आधिकारिक विज्ञप्ति से AI की सहायता से तैयार, और AI की दूसरी जाँच में उसी विज्ञप्ति से मिलाया गया। किसी व्यक्ति ने इसका पंक्ति-दर-पंक्ति संपादन नहीं किया है।
पढ़ाई के लिए संदर्भ
8 जुलाई 2026 को स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने बताया था कि औषधि नियम, 1945 (ड्रग्स रूल्स, 1945) के नियम 43ए में संशोधन करके महाराष्ट्र में हाल ही में उद्घाटित नवी मुंबई हवाई अड्डे को उन हवाई अड्डों की सूची में शामिल किया गया है जिनके माध्यम से देश में औषधियों का आयात किया जा सकता है। यह अधिसूचना औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन अधिनियम, 1940 के प्रावधानों के तहत औषधि तकनीकी सलाहकार बोर्ड से परामर्श के बाद जारी की गई थी। मंत्रालय के अनुसार इस नए जुड़ाव के साथ दवाओं के आयात के लिए प्रवेश द्वारों (सड़क/रेल/जहाज/हवाई मार्ग) की कुल संख्या 42 हो गई। उसने कहा था कि इस संशोधन से दवाइयों की खेपों की सुगम आवाजाही को बढ़ावा मिलेगा, लॉजिस्टिक्स अवसंरचना मजबूत होगी और आयातकों को दवाओं के आयात का एक नया विकल्प मिलेगा, और यह कदम आयातित दवाओं की प्रभावी नियामक निगरानी सुनिश्चित करते हुए व्यापार करने में आसानी को बढ़ावा देने के सरकार के प्रयासों के अनुरूप है।
खुद जाँचें: जुलाई 2026 में औषधि नियम, 1945 के नियम 43ए में कौन-सा हवाई अड्डा जोड़ा गया, अधिसूचना से पहले किस निकाय से परामर्श किया गया, और दवाओं के आयात के लिए प्रवेश द्वारों की कुल संख्या कितनी हो गई?
नवी मुंबई हवाई अड्डा (महाराष्ट्र); औषधि तकनीकी सलाहकार बोर्ड; 42।
अभ्यास: इस रिलीज़ से संशोधित किया जाने वाला नियम और नियमावली, नियम 43ए क्या निर्धारित करता है, प्रस्तावित नए आईसीडी और उनके राज्य, एसईजैड, हवाई अड्डा, इंदौर के मौजूदा आईसीडी, अपेक्षित लाभ और आपत्तियां भेजने का तरीका लिखें; नोट से जुलाई 2026 में जोड़ा गया हवाई अड्डा, परामर्श किया गया निकाय, मूल अधिनियम और बताई गई प्रवेश द्वारों की कुल संख्या। याद रखें कि नया बदलाव अभी केवल प्रस्ताव है।
खुद को परखें
स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा 3 नवंबर 2026 को बताए गए 'ड्रग्स रूल्स, 1945' के नियम 43ए में प्रस्तावित संशोधन के तहत किस हवाई अड्डे को हवाई मार्ग से दवाओं के आयात के लिए अधिकृत प्रवेश स्थल के रूप में जोड़ने का प्रस्ताव है?
उत्तर देखें
उत्तर: नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा
ड्राफ्ट संशोधन में हवाई मार्ग से दवाओं के आयात के लिए उत्तर प्रदेश के नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को जोड़ने का प्रस्ताव है; इसके साथ हरियाणा, उत्तर प्रदेश, गुजरात, तेलंगाना और कर्नाटक के इनलैंड कंटेनर डिपो तथा कर्नाटक के बोम्मासांद्रा एसईजैड को भी जोड़ने का प्रस्ताव है। यह अभी प्रस्ताव ही है: मंत्रालय ने ड्राफ्ट अधिसूचना पर आपत्तियां और सुझाव मांगे हैं।